— अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बड़ी स्ट्राइक: बीकानेर रेंज के रावला थाना क्षेत्र (365 हेड) में पुलिस, BSF और CID की संयुक्त वििंग ने दी दबिश; पशुओं के बाड़े में छुपा रखा था नशे का जखीरा।
— 2 फीट गहरे गड्ढे में दबा था राज: तबेले की जमीन खोदकर निकाला पतीला; हेरोइन के साथ ढाई लाख की विधिक ड्रग मनी और दो मोबाइल फोन जब्त।
— सट्टे की कमाई बताकर बरगलाया: पकड़े जाने पर शातिर तस्कर कुलदीप सिंह ने पुलिस को गुमराह करने का किया प्रयास; सुरक्षा एजेंसियों की कड़ाई के आगे टूटा हौसला, कबूला तस्करी का नेटवर्क।
बीकानेर, 12 जून (शुक्रवार)। बीकानेर पुलिस रेंज के भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर से सटे इलाकों में सक्रिय नशा तस्करों और ड्रोन सप्लायरों के खिलाफ सुरक्षा एजेंसियों ने अब तक की सबसे बड़ी विधिक संयुक्त कार्रवाई को अंजाम दिया है। रेंज के रावला थाना क्षेत्र के गांव 365 हेड में पुलिस, सीमा सुरक्षा बल (BSF) और सीआईडी (CID) की स्पेशल इंटेलिजेंस विंग ने एक सांझा ऑपरेशन चलाकर पशुओं के तबेले (बाड़े) से करीब डेढ़ करोड़ रुपए मूल्य की 300 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) और ढाई लाख रुपए की विधिक ड्रग मनी बरामद की है।
मौके से मुख्य तस्कर को हिरासत में लिया गया है, जिससे मिलिट्री इंटेलिजेंस और सीआईडी की टीमें संयुक्त पूछताछ (Joint Interrogation) कर रही हैं।
गोपनीय इनपुट पर दोपहर 3:30 बजे घेराबंदी, तबेले में छुपा रखा था माल
प्राप्त विधिक जानकारी के अनुसार, केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों को पिछले कई दिनों से इनपुट मिल रहा था कि बॉर्डर पार से ड्रोन के जरिए आई हेरोइन की एक बड़ी खेप को रावला के ग्रामीण अंचल में डंप किया गया है।
इस पुख्ता विधिक सूचना पर गुरुवार दोपहर करीब 3:30 बजे रावला थाना पुलिस, बीएसएफ के जांबाज जवानों और सीआईडी की टीम ने अचानक गांव 365 हेड में स्थित कुलदीप सिंह के रिहायशी मकान और पशुओं के बाड़े को चारों तरफ से घेर लिया। अचानक हुई इस छापेमारी (रेड) से गांव में हड़कंप मच गया। शुरुआत में जब पुलिस ने घर की सामान्य तलाशी ली तो कुछ हाथ नहीं लगा, लेकिन कुलदीप सिंह के चेहरे पर हवाइयां उड़ती देख अधिकारियों को उसकी विधिक गतिविधियों पर गहरा संदेह हुआ।
सख्ती बरती तो उगला राज: पतीले के अंदर से निकली ढाई लाख की विधिक नकदी
जब सुरक्षा एजेंसियों की संयुक्त टीम ने आरोपी कुलदीप सिंह को हिरासत में लेकर विधिक रूप से कड़ाई से पूछताछ की, तो वह टूट गया। उसने कुबूल किया कि उसने पुलिस और एजेंसियों के डर से तस्करी का सारा सामान पशुओं के तबेले की जमीन के नीचे गाड़ रखा है।
- खोदी गई जमीन: मजिस्ट्रेट और आला अधिकारियों की विधिक मौजूदगी में जब तबेले के भीतर चिन्हित स्थान पर खुदाई शुरू करवाई गई, तो करीब दो फीट गहरे गड्ढे से एक कट्टा (बोरी) निकला।
- पतीले में था खजाना: जब बोरी को खोला गया तो उसके भीतर एक स्टील का पतीला रखा हुआ था। पतीले के अंदर दो प्लास्टिक की थैलियां मिलीं, जिसमें से एक थैली को खोलने पर 2 लाख 50 हजार रुपए की कड़क विधिक नकदी (ड्रग मनी) बरामद हुई, जबकि दूसरी थैली में तस्करी के नेटवर्क में प्रयुक्त होने वाले दो एंड्रॉइड मोबाइल फोन जब्त किए गए।
दूसरे कोने से निकली 1.5 करोड़ की हेरोइन, सट्टे का झूठा बहाना हुआ फेल
इसके बाद एजेंसियों ने तबेले के दूसरे कोने पर सघन विधिक सर्च अभियान चलाया। वहां से मिट्टी हटाने पर 300 ग्राम शुद्ध हेरोइन का पैकेट बरामद हुआ, जिसकी अंतरराष्ट्रीय विधिक ब्लैक मार्केट में कीमत करीब 1 करोड़ 50 लाख रुपए आंकी जा रही है।
पकड़े जाने के शुरुआती दौर में शातिर कुलदीप सिंह ने शातिराना अंदाज में पुलिस को बरगलाने और गुमराह करने का प्रयास किया। उसने दावा किया कि बरामद हुई ढाई लाख की नकदी मादक पदार्थों की नहीं, बल्कि क्रिकेट सट्टे (बुकी नेटवर्क) की कमाई है। लेकिन, जब सुरक्षा एजेंसियों के विधिक अधिकारियों ने टेक्निकल डेटा और सर्विलांस के सबूत उसके सामने रखे, तो उसका झूठ टिक नहीं पाया। उसने स्वीकार किया कि यह पूरी अकूत संपत्ति और नकदी बॉर्डर पार से मंगवाई गई ड्रग्स की सप्लाई और तस्करी से ही जुटाई गई है।
बॉर्डर क्षेत्र में बड़े ड्रग्स ब्लॉकचेन का खुलासा, रिमांड पर लेगी पुलिस
रावला थाना पुलिस ने आरोपी कुलदीप सिंह के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) की गंभीर और गैर-जमानती धाराओं के तहत आपराधिक मामला दर्ज कर हेरोइन, नकदी और मोबाइल फोन को विधिक रूप से सीज कर दिया है।
सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि इस बड़ी बरामदगी से बॉर्डर क्षेत्र में फैले एक बहुत बड़े और खतरनाक ड्रग्स नेटवर्क व ब्लॉकचेन का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस आरोपी कुलदीप सिंह को आज विधिक कोर्ट के समक्ष पेश कर 10 दिन के विशेष पुलिस रिमांड पर लेगी, जिसके दौरान यह अनुसंधान किया जाएगा कि इस हेरोइन की डिलीवरी पंजाब के किन गैंगस्टरों को होने वाली थी और इस नेटवर्क में सीमा पार बैठे कौन से पाकिस्तानी हैंडलर शामिल हैं।

0 Comments