– 72 घंटे से एक्शन: यूपी और राजस्थान के 25 अफसरों की टीम कर रही है 'मोहनलाल आशीष कुमार' फर्म की जांच; नकद राशि बैंक में कराई जमा
– स्टॉक में झोल: कैशबुक और रजिस्टर में मिला बड़ा अंतर; फर्म संचालक आशीष अग्रवाल की हिस्ट्री खंगाल रही टीम, पहले भी काट चुके हैं जेल
बीकानेर, 18 जनवरी (रविवार)।बीकानेर के चर्चित घी कारोबारी और फर्म 'मोहनलाल आशीष कुमार' पर आयकर विभाग (Income Tax) का शिकंजा कसता जा रहा है। गुरुवार सुबह 6 बजे शुरू हुई यह कार्रवाई शनिवार को तीसरे दिन भी लगातार जारी रही।
जांच के दौरान टीम को कारोबारी के ठिकानों से 65 लाख रुपये नकद मिले हैं, जिसे विभाग ने सीज कर बैंक में जमा करवा दिया है। यूपी और राजस्थान से आए 25 से अधिक अधिकारियों की संयुक्त टीम दस्तावेजों की बाल की खाल निकाल रही है।
फैक्ट्री पर जांच खत्म, घर-गोदाम पर जारी
आयकर विभाग ने बीछवाल औद्योगिक क्षेत्र स्थित फैक्ट्री पर अपनी कार्रवाई शनिवार को पूरी कर ली है।
- कोयला गली: लेकिन शहर के मुख्य बाजार कोयला गली स्थित गोदाम, दुकान और कारोबारी के आवास पर जांच अभी भी जारी है।
- जांच का दायरा: टीम बैंक खातों, लेन-देन के दस्तावेजों, सोना-चांदी, आभूषणों और अलग-अलग जगहों पर स्थित संपत्तियों के कागजात (Property Papers) खंगाल रही है।
रिकॉर्ड में गड़बड़ी: स्टॉक और कैशबुक नहीं हो रहे मैच
सूत्रों के अनुसार, आयकर विभाग को प्रारंभिक जांच में ही बड़ी वित्तीय अनियमितताओं (Financial Irregularities) के सबूत मिले हैं।
- मिसमैच: कैशबुक और स्टॉक रजिस्टर का मिलान करने पर भारी विसंगतियां सामने आई हैं। नकदी और स्टॉक के आंकड़े मेल नहीं खा रहे हैं। टीम इसी 'गड़बड़ी' के अंतिम आंकड़े तक पहुंचने की कोशिश कर रही है, इसलिए कार्रवाई लंबी खिंच रही है।
मालिक की हिस्ट्री: पहले भी जा चुके हैं जेल
जांच का दायरा केवल टैक्स चोरी तक सीमित नहीं है। फर्म संचालक आशीष अग्रवाल का पुराना रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है।
- बैकग्राउंड: आशीष अग्रवाल के खिलाफ पूर्व में भी जांच एजेंसियों द्वारा कार्रवाई हो चुकी है। वे कई महीनों तक जेल में भी रह चुके हैं। कारोबारी का नेटवर्क कई राज्यों में फैला हुआ है, इसलिए जांच में वक्त लग रहा है।

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