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बीकानेर: दादी की अस्थियां विसर्जित कर लौट रहा पोता भी नहीं रहा, चलती ट्रेन से गिरने से युवक की मौत

India-1stNews



– लूणकरणसर के पास हादसा: हरिद्वार से चाचा के साथ आ रहा था जतन सिंह; नाथवाना के पास पिलर 241/2 पर बिगड़ा संतुलन

– कोहरे का कहर: यात्रियों ने चेन खींचकर ट्रेन रोकी, लेकिन धुंध में नहीं दिखा युवक; टाइगर फोर्स ने ट्रैक पर जाकर बरामद किया शव

बीकानेर, 19 जनवरी (सोमवार)। बीकानेर के लूणकरणसर में सोमवार सुबह एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ। हरिद्वार से अपनी दादी की अस्थियां विसर्जित कर लौट रहे एक युवक की चलती ट्रेन से गिरकर मौत हो गई। हादसा इतना भयावह था कि घने कोहरे के कारण साथी यात्रियों और चाचा को पता ही नहीं चल पाया कि युवक कहां गिरा।

​मृतक की पहचान जतन सिंह (पुत्र माल सिंह, निवासी वार्ड संख्या 35, लूणकरणसर) के रूप में हुई है। इस घटना के बाद से पूरे कस्बे में शोक की लहर है।

चेन खींची, 10 मिनट ढूंढा पर दिखा नहीं

​प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना सोमवार सुबह नाथवाना और लूणकरणसर स्टेशनों के बीच हुई। ट्रेन जब पिलर संख्या 241/2 के पास से गुजर रही थी, तभी जतन सिंह का संतुलन बिगड़ा और वह चलती ट्रेन से नीचे गिर गया आंखों के सामने युवक को गिरता देख यात्रियों ने तुरंत ट्रेन की चेन खींच दी। ट्रेन करीब 10 मिनट तक मौके पर खड़ी रही। यात्रियों और परिजनों ने नीचे उतरकर तलाश की, लेकिन घना कोहरा (Dense Fog) होने के कारण कुछ भी दिखाई नहीं दिया। मजबूरन ट्रेन को आगे रवाना करना पड़ा।

टाइगर फोर्स ने बरामद किया शव

​ट्रेन के स्टेशन पहुंचने पर स्टेशन अधीक्षक ने तुरंत स्थानीय सामाजिक संस्था टाइगर फोर्स को सूचना दी।

  • रेस्क्यू: सूचना मिलते ही टाइगर फोर्स की टीम एंबुलेंस के साथ पटरी के किनारे-किनारे मौके पर पहुंची। काफी तलाश के बाद युवक का शव क्षत-विक्षत हालत में मिला।बाद में पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर लूणकरणसर मोर्चरी में रखवाया।

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

​यह हादसा परिवार के लिए असहनीय है। जतन सिंह अपने चाचा के साथ धार्मिक कार्य (दादी की अस्थि विसर्जन) के लिए हरिद्वार गया था। घर वाले उसके लौटने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन घर पहुंचने से कुछ ही किलोमीटर पहले उसकी मौत की खबर पहुंची।



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